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पत्रकार संजीव सिन्हा का कोरोना संक्रमन से निधन, पत्रकार रामानुजम की मौत मामले में एसआईटी का गठन

कुणाल सारंगी

दिवंगत पत्रकार रामानुजम की मौत मामले में एसआईटी का गठन किया जाएगा।पत्नी की सुरक्षा में दो महिला कांस्टेबल की प्रतिनियुक्ति

रांची। पीटीआई के रांची ब्यूरो चीफ 56 वर्षीय पीवी रामानुजम की मौत के मामले में रांची के ग्रामीण पुलिस अधीक्षक नौशाद आलम ने बताया कि बुधवार रात करीब एक बजे सोने की बात कह कर दूसरे कमरे में आये थे। लेकिन उनकी पत्नी आज सुबह साढ़े पांच बजे जगी तो उन्हें रामानुजम नहीं दिखे और कमरे का दरवाजा भी बाहर से बंद था। धक्का देकर दरवाजा खोला तो रामानुजम को पंखे से लटकता पाया। उन्होंने बिछावन की चादर से फंदा बनाया था । रामानुजम ने जिस कमरे में फंदा लगाकर इस घटना को अंजाम दिया, उसी कमरे से पीटीआई का रांची कार्यालय संचालित होता है। वहीं दो अन्य कमरे में वे अपनी पत्नी के साथ रहते है, जबकि उनके इकलौते पुत्र अभी पढ़ाई के सिलसिले में रांची से बाहर है।
नौशाद आलम ने बताया कि सूचना मिलते ही मौके पर पहुंची लालपुर थाना पुलिस ने शव को फंदे से नीचे उतारा । शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। उन्होंने कहा कि मामले की जांच के लिए विशेष जांच दल (एसआईटी) का गठन किया जाएगा।
पुलिस अधीक्षक ने बताया कि पीवी रामानुजम के पुत्र ओडिशा की राजधानी भुवनेश्वर में रहकर पढ़ाई कर रहे हैं। पुलिस उसको वहां से रांची सुरक्षित लाने का इंतजाम करेगी और यदि परिवार की ओर से इच्छा जताई गई तो शव को भुवनेश्वर भेजने की भी व्यवस्था की जाएगी।
वहीं, इस हादसे से आहत रामानुजम की पत्नी ज्यादा बोलने की स्थिति में तो नहीं दिखी लेकिन उन्होंने केवल इतना कहा कि उन पर परिवार का कोई दबाव नहीं था।
इधर, रांची के वरीय पुलिस अधीक्षक ने रामानुजम की अकेली रह रही पत्नी की सहायता के लिए दो महिला कांस्टेबल की प्रतिनियुक्ति भी उनके आवास पर की है। एसएसपी के निर्देश पर दोनों महिला पुलिसकर्मी आवास पर पहुंच गयी है। वहीं प्रशासन की ओर से आवास के बाहर पेयजल की भी व्यवस्था की गयी है। लॉकडाउन के बीच खबर सुनते ही उनके जानने वाले और परिचित लोग आवास पर पहुंच रहे हैं।
रामानुजम के एक सहकर्मी ने बताया कि उनके पुत्र ओड़िशा की राजधानी भुवनेश्वर से अपने अन्य परिजनों के साथ रांची आने की तैयारी कर रहे है। पुत्र और अन्य परिजनों के पहुंचने के बाद ही अंत्येष्टि के संबंध में कोई अंतिम फैसला लिया जाएगा, फिलहाल शव के पोस्टमार्टम के पहले कोरोना जांच की प्रक्रिया पूरी की जा रही है और रिपोर्ट आने के बाद पार्थिव शरीर को परिजनों को सौंपा जाएगा।

कोरोना संक्रमित पत्रकार का निधन

दैनिक जागरण के पत्रकार संजीव सिन्हा का इलाज के दौरान रांची रिम्स में हुआ निधन। वह कोरोना संक्रमित थे। आसनसोल दैनिक जागरण कार्यालय में कार्यरत थे। धनबाद के मैथन में उनका आवास है।

मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन ने धनबाद निवासी दैनिक जागरण के वरिष्ठ पत्रकार संजीव सिन्हा व पीटीआई के ब्यूरो चीफ पीवी रामानुजम के निधन पर दुःख व्यक्त किया है। मुख्यमंत्री ने कहा भगवान उन दोनों की आत्मा को शांति प्रदान करें। उनकी संवेदनाएं शोक-संतप्त परिजनों के साथ हैं।

झारखंड विधानसभा अध्यक्ष रबीन्द्रनाथ महतो पीटीआई के ब्यूरो चीफ पीवी रामानुजम एवं दैनिक जागरण के वरिष्ठ पत्रकार संजीव सिन्हा का असामयिक निधन पर गहरा दुःख व्यक्त करते हुए कहा है कि आज के दिन झारखंड के दो बड़े पत्रकार का निधन से मैं स्तब्ध हूँ।
पीवी रामानुजम झारखंड विधानसभा की प्रेस सलाहकार समिति के सदस्य भी रह चुके हैं। इन दो वरिष्ठ पत्रकारों के निधन को उन्होंने पत्रकारिता जगत के लिए अपूरणीय क्षति भी बताया है।
ईश्वर उनकी आत्मा को शांति दें एवं इस दुखद क्षण में उनके परिवार जनों को सहनशक्ति प्रदान करे।

झारखण्ड श्रमजीवी पत्रकार यूनियन प्रदेश महासचिव प्रमोद कुमार झा ने पत्रकार पीवी रामानुजम व वरिष्ठ पत्रकार संजीव सिन्हा के अकिस्मक निधन पर गहरा शोक व्यक्त किया है,दोनों के अचानक निधन से वे बेहद दुखी हैं, इस दुख की घड़ी में उनकी संवेदनाएं और प्रार्थनाएं परिवार के साथ है। उन्होंने सरकार से दोनों पत्रकारों को दस-दस लाख रुपए मुआवजा देने की मांग की है।