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जलापूर्ति योजना के नाम पर गड्ढा खोद छोड़ने से लोग हो रहे हैं दुर्घटनाग्रस्त, आक्रोशित पार्षद ने बंद करवाया काम

सरायकेला में शुक्रवार को वार्ड 18 के पार्षद ने विरोध स्वरूप पाइप शिफ्टिंग का काम बंद करा दिया. वार्ड पार्षद रंजन सिंह का कहना है कि एजेंसी द्वारा क्षेत्र में पाइपलाइन के लिए गड्ढा खोदा गया है, लेकिन उस गड्ढे को वैसे ही छोड़ दिया गया, जिस कारण आए दिन दुर्घटना हो रही है.
सरायकेला: आदित्यपुर नगर निगम क्षेत्र में बृहद शहरी जलापूर्ति योजना का काम कर रहे जिंदल एजेंसी द्वारा कई स्थानों पर महीनों से गड्ढे खोदकर छोड़े जाने से रोजाना लोग दुर्घटनाग्रस्त हो रहे हैं. इधर, इस समस्या को लेकर वार्ड 18 के पार्षद रंजन सिंह ने आक्रोश जाहिर
करते हुए शुक्रवार को एजेंसी द्वारा पाइप शिफ्टिंग के काम को बंद कराया गया. आदित्यपुर नगर निगम क्षेत्र के तकरीबन सभी 35 वार्ड में बृहद जलापूर्ति योजना के तहत पाइपलाइन बिछाने का कार्य प्रगति पर है, लेकिन कार्य कर रहे जिंदल एजेंसी द्वारा कई स्थानों पर महीनों से गड्ढे को खोद कर यूं ही छोड़ दिया गया है, जिसमें रोजाना लोग दुर्घटनाग्रस्त होकर गिर रहे हैं. इधर, नगर निगम क्षेत्र अंतर्गत वार्ड संख्या 18 में दो महीने से गड्ढों को नहीं भरने से आक्रोशित स्थानीय वार्ड पार्षद रंजन सिंह ने पाइप शिफ्टिंग कार्य को बंद कराया और शिफ्टिंग कार्य में लगे पिकअप वैन के चाभी को जब्त कर लिया.
इस संबंध में वार्ड पार्षद ने बताया कि इनके वार्ड के कई स्थानों पर पाइपलाइन बिछाने के बाद खोदे गए गड्ढे को महीनों बीतने के बाद भरा नहीं गया है, जिसमें कई लोग गिरकर घायल हो रहे हैं और कोप का भाजन पार्षद को ही बनना पड़ रहा है. नतीजतन, उन्होंने विरोध स्वरूप काम बंद कराया और कंपनी के वरीय अधिकारियों से वार्ता कर समस्या का समाधान निकाले जाने तक पाइप फिटिंग काम रोके जाने की बात कही है. स्थानीय वार्ड पार्षद ने बताया कि कई बार नगर निगम के मेयर, डिप्टी मेयर समेत अपर नगर आयुक्त को भी इस समस्या से अवगत कराया गया है, लेकिन नगर निगम और कार्य कर रहे एजेंसी में तालमेल स्थापित नहीं होने के कारण गड्ढों को नहीं भरा जा रहा है और इससे लोगों को आवागमन में परेशानी तो हो ही रही है, साथ ही कार्य भी प्रभावित हो रहे हैं.